Lohri: लोहड़ी की धूम, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने देशवासियों को दीं शुभकामनाएं

Lohri 2026: उत्तर भारत में मंगलवार को लोहड़ी पर्व की धूम रही। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को लोहड़ी की शुभकामनाएं दीं। लोहड़ी जीवन, प्रकृति और सामूहिक खुशी का उत्सव है।
जानें, कब और क्यों मनाई जाती है लोहड़ी
लोहड़ी का पर्व मकर संक्रांति से ठीक एक दिन पहले मनाया जाता है। इस पर्व का जुड़ाव मुख्य रूप से उन किसानों से है, जो कठिन परिश्रम से तैयार की हुई लहलहाती फसल को देखकर खुश होता है। लोहड़ी का पावन पर्व परिश्रम और धैर्य से प्राप्त हुई सुख-समृद्धि का प्रतीक है। तैयार हुई फसल को काटने और नई फसल का स्वागत करने के लिए किसान वर्ग अपने परिवार और समाज के साथ मिलकर पवित्र अग्नि को जलाकर मंगल उत्सव मनाता है।
राष्ट्रपति मुर्मू ने लोहड़ी की शुभकामनाएं दीं
राष्ट्रपति ने देशवासियों को लोहड़ी, मकर संक्रांति, पोंगल और माघ बिहू की शुभकामनाएं देते हुए सोमवार को कहा कि ये पर्व हमारी समृद्ध कृषि परंपराओं और राष्ट्रीय एकता के प्रतीक हैं। राष्ट्रपति ने एक संदेश में कहा कि इस शुभ अवसर पर मैं कामना करती हूं कि हमारे समाज में प्रेम एवं एकजुटता की भावना और मजबूत हो तथा हम सभी मिलकर एक समृद्ध राष्ट्र के निर्माण की दिशा में कार्य करें।
पीएम मोदी ने शुभकामनाएं दीं
प्रधानमंत्री ने मंगलवार को लोहड़ी पर्व पर लोगों को शुभकामनाएं दीं और उम्मीद जताई कि यह त्योहार समाज में खुशी और आशावाद की भावना को और गहरा करेगा। लोहड़ी फसल उत्सव मुख्य रूप से उत्तर भारत में मनाया जाता है। (सारा जहां न्यूज नेटवर्क)



