2025: साल के आखिरी दिन खरगे ने याद दिलाया कि भाजपा के 11वें साल में देश कैसा चला, जयराम बोले-चीन का मध्यस्थता का दावा चिंताजनक

Congress: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने वर्ष 2025 के आखिरी दिन बुधवार को यह याद दिलाया कि भाजपा के 11वें साल में देश कैसा चला खरगे ने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा है कि
-मनरेगा खत्म कर, करोड़ों गरीबों के काम का अधिकार छीना
-बिना तैयारी कर, बिना बीएलओ ट्रेनिंग के, एसआईआर से करोड़ों लोगों का वोटिंग का अधिकार छीना, भाजपा की वोट चोरी पकड़ी गई
-आर्थिक असमानता की खाई और गहरी हुई, टॉप एक प्रतिशत लोगों के पास भारत की 40 प्रतिशत दौलत
-रूपया, पाताल की ओर गिर रहा, आरबीआई ने $32 बिलियन (2.8 लाख करोड़ रुपये) के यूएस डॉलर बेचे, तो भी बात नहीं बनी
– युवा बेरोजगारी दर अब भी चरम पर, पेपर लीक माफिया का खेल जारी
-मोदी जी के मित्र नमस्ते ट्रंप ने हमारे देश पर पूरे विश्व में सबसे अधिक टैरिफ थोपा
-पहलगाम आतंकी हमले के बाद, हमारी शक्तिशाली सेना ने मुंह तोड़ जवाब दिया, पर भाजपा मंत्रियों ने हमारी कर्नल पर की शर्मनाक टिप्पणियां
-राष्ट्रपति ट्रंप ने कम से कम 60 बार किया मध्यस्ता का दावा, अब तो चीन ने भी मध्यस्ता की बात, मोदी जी हैं मौन
-मणिपुर में मोदी-शाह की नाकाम; पर्दा डालने के लिए राष्ट्रपति शासन लगाया गया
– महंगाई से कोई राहत नहीं, जीएसटी कम करना केवल आंकड़ेबाजी निकली
-दलितों, आदिवासियों, पिछड़े वर्गों और अल्पसंख्यकों पर अत्याचार बढ़े, सुप्रीम कोर्ट के सीजेआई तक को भी नहीं बख्शा
-देश की राजधानी दिल्ली समेत, पूरा उत्तर भारत जहरीली हवा से जूझ रहा है, कोई रोडमैप नहीं, केवल बड़बोलापन
-अरावली को खनन माफिया को सौंप देने की साज़िश; निकोबार, हसदेव, मुंबई मैंग्रोव पर हमला
-कुंभ हो या दिल्ली स्टेशन पर भगदड़; कफ़ सिरप से मासूमों की गई जान, जिम्मेदारी किसी की नहीं
कुल मिलाकर 2025 में भी भाजपाई लूट, भ्रष्टाचार और कुशासन देश की जनता पर हावी रहा।
चीन का मध्यस्थता का दावा चिंताजनक, सरकार स्पष्टता दे : कांग्रेस
कांग्रेस ने बुधवार को दावा किया कि भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता संबंधी चीन का दावा चिंताजनक है और ऐसे में सरकार के स्तर पर इसमें स्पष्टता आनी चाहिए। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर लिखा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लंबे समय से यह दावा करते रहे हैं कि उन्होंने 10 मई, 2025 को ऑपरेशन सिंदूर को रोकने के लिए व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप किया था। वह यह दावा कम से कम सात अलग-अलग देशों में, विभिन्न मंचों पर, 65 बार कर चुके हैं।
जयराम बोले, प्रधानमंत्री ने अपनी चुप्पी नहीं तोड़ी
जयराम ने एक्स पर लिखा कि राष्ट्रपति ट्रंप लंबे समय से यह दावा करते रहे हैं कि उन्होंने 10 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर को रोकने के लिए व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप किया था। वे यह दावा कम से कम सात अलग-अलग देशों में, विभिन्न मंचों पर, 65 बार कर चुके हैं। प्रधानमंत्री ने अपने तथाकथित अच्छे मित्र द्वारा किए गए इन दावों पर आज तक अपनी चुप्पी नहीं तोड़ी है।
चीन के विदेश मंत्री का दावा
अब चीन के विदेश मंत्री भी ऐसा ही दावा कर रहे हैं और कह रहे हैं कि चीन ने भी मध्यस्थता की थी। चार जुलाई 2025 को उप सेनाध्यक्ष लेफ्टिनेंट जनरल राहुल सिंह ने सार्वजनिक रूप से कहा था कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत असल में चीन का सामना कर रहा था और उससे लड़ रहा था। चूंकि चीन निर्णायक रूप से पाकिस्तान के साथ खड़ा था, ऐसे में भारत और पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता करने के चीन के दावे चिंताजनक हैं-सिर्फ इसलिए नहीं कि वे देश की जनता को अब तक बताई गई बातों के उलट हैं, बल्कि इसलिए भी कि वे हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा का मज़ाक बनाते प्रतीत होते हैं।
ऑपरेशन सिंदूर को अचानक रोकने में चीन ने क्या भूमिका निभाई?
इस दावे को चीन के साथ हमारे संबंधों के संदर्भ में भी समझा जाना चाहिए। हमने चीन के साथ फिर से बातचीत शुरू की है -लेकिन दुर्भाग्यवश यह बातचीत चीन के शर्तों पर हो रही है। 19 जून 2020 को प्रधानमंत्री द्वारा चीन को दी गई क्लीन चिट ने भारत की बातचीत की स्थिति को काफ़ी कमज़ोर कर दिया है। हमारा व्यापार घाटा रिकॉर्ड स्तर पर है और हमारे निर्यात का बड़ा हिस्सा चीन से होने वाले आयात पर निर्भर है। अरुणाचल प्रदेश के संबंध में चीन की उकसाने वाली हरकतें लगातार जारी हैं। ऐसे एकतरफ़ा और शत्रुतापूर्ण संबंधों के बीच, भारत की जनता को यह स्पष्टता चाहिए कि ऑपरेशन सिंदूर को अचानक रोकने में चीन ने क्या भूमिका निभाई। (सारा जहां न्यूज नेटवर्क)



