देश-दुनिया

Farmer Protest: जब तक किसानों की मांगें मानी नहीं जातीं, तब तक अनिश्चितकालीन अनशन जारी रहेगा: जगजीत सिंह डल्लेवाल

पंजाब (Punjab) के किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल ने मंगलवार को कहा कि जब तक केंद्र सरकार फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी सहित किसानों की मांगों को स्वीकार नहीं कर लेती तब तक वह अपना आमरण अनशन जारी रखेंगे। डल्लेवाल ने खनौरी धरना स्थल पर मीडिया से कहा कि पूरे देश को एमएसपी की जरूरत है।उन्होंने कहा कि पंजाब को भी अपने भूमिगत जल स्तर को बचाने के लिए एमएसपी की जरूरत है।

26 नवंबर, 2024 से खनौरी सीमा पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल कर रहे हैं डल्लेवाल
केंद्र सरकार के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने 18 जनवरी को आंदोलनकारी किसानों को उनकी मांगों पर चर्चा करने के लिए चंडीगढ़ में 14 फरवरी को बैठक के लिए आमंत्रित किया था, जिसके बाद से डल्लेवाल ने चिकित्सकीय सहायता लेनी शुरू कर दी लेकिन उन्होंने अपना अनशन समाप्त नहीं किया। संयुक्त किसान मोर्चा (गैर-राजनीतिक) के संयोजक डल्लेवाल फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य की कानूनी गारंटी सहित विभिन्न मांगों को लेकर पिछले साल 26 नवंबर से खनौरी सीमा पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल कर रहे हैं।

आंदोलन को समर्थन देने के लिए किसानों और श्रमिकों को दिया धन्यवाद
किसान नेता ने आंदोलन को समर्थन देने के लिए किसानों और श्रमिकों को धन्यवाद देते हुए कहा कि किसान मंचों – संयुक्त किसान मोर्चा (गैर-राजनीतिक) और किसान मजदूर मोर्चा – ने केंद्र के उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल से 14 फरवरी को बैठक के लिए निमंत्रण मिलने के बाद उनसे चिकित्सकीय सहायता लेने का अनुरोध किया था, जिसके बाद उन्होंने यह सहायता लेना स्वीकार किया। उन्होंने कहा कि मैंने केवल चिकित्सकीय सहायता ली। (उसके बाद) उल्टियां आनी बंद हो गई हैं। मेरा आमरण अनशन जारी है और यह तब तक जारी रहेगा, जब तक सरकार हमारी मांगें पूरी नहीं कर देती।

डल्लेवाल ने किसानों से 12 फरवरी को खनौरी धरना स्थल पर एकत्र होने की अपील की
डल्लेवाल ने 14 फरवरी की बैठक में भाग लेने के बारे में कहा कि हर कोई चाहता है कि वह बैठक में शामिल हों। उन्होंने कहा कि लेकिन स्वास्थ्य इसकी अनुमति नहीं दे रहा। मेरे पास जाने की ताकत नहीं है। डल्लेवाल ने किसानों से 12 फरवरी को खनौरी धरना स्थल पर एकत्र होने की अपील की। अगर सभी लोग आएंगे तो मुझे और ताकत मिलेगी। ईश्वर ने चाहा तो मैं (14 फरवरी को) बैठक में जाकर अपनी बात रख सकूंगा। इसलिए मैं आपसे आग्रह करता हूं कि 12 फरवरी को बड़ी संख्या में यहां एकत्र हों, क्योंकि आपको देखकर मुझे ऊर्जा मिलती है। (भाषा)

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button