Maharashtra Election: भाजपा के मददगार महाराष्ट्र के दुश्मन, लड़ाई राज्य से प्यार और विश्वासघात करने वालों के बीच: उद्धव ठाकरे

Maharashtra Assembly Election 2024: शिवसेना (यूबीटी) अध्यक्ष उद्धव ठाकरे ने मंगलवार को चुनाव प्रचार अभियान की शुरुआत की और 20 नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनाव को महाराष्ट्र से प्रेम करने वालों और इसे धोखा देने वालों के बीच की लड़ाई बताया। उन्होंने पार्टी में 2022 में होने वाले विभाजन का भी उल्लेख किया। उद्धव ने अपने पूर्व सहयोगी भाजपा और उसके सहयोगियों पर निशाना साधते हुए कहा कि जो लोग राष्ट्रीय पार्टी की मदद कर रहे हैं, वे महाराष्ट्र के दुश्मन हैं। उन्होंने मतदाताओं से कई वादे किए, जिनमें विपक्षी महा विकास आघाडी (एमवीए) के सत्ता में आने पर हर जिले में छत्रपति शिवाजी महाराज का मंदिर बनाने का वादा भी शामिल है।
कोल्हापुर के राधानगरी में उद्धव ने की पहली रैली
कोल्हापुर जिले के राधानगरी में 2024 के विधानसभा चुनाव की अपनी पहली रैली में उद्धव ने कहा कि जो लोग राज्य से प्यार करते हैं, वे विपक्षी एमवीए के साथ जुड़े हुए हैं जिसमें शिवसेना (यूबीटी), कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) शामिल हैं। राधानगरी प्रकाश आबितकर का निर्वाचन क्षेत्र है जो उनके नेतृत्व के खिलाफ विद्रोह करने वाले 40 शिवसेना विधायकों में से एक हैं। उद्धव ने कहा कि भाजपा की मदद करने वाले राज्य के दुश्मन हैं। अपने एक समय के सहयोगी पर हमला करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने भाजपा पर महाराष्ट्र को गुजरात के हाथों बेचने का आरोप लगाया, जहां वह सत्ता में है।
राज्य से प्यार करने वालों और उससे नफरत करने वालों के बीच की लड़ाई
उद्धव ने दावा किया कि उनकी सरकार जून 2022 में इसलिए गिरा दी गई क्योंकि उन्होंने भाजपा को महाराष्ट्र को नुकसान नहीं पहुंचाने दिया। उन्होंने कहा कि जब उनके नेतृत्व में एमवीए सत्ता में थी, तो एक भी औद्योगिक परियोजना राज्य से बाहर नहीं गई। उन्होंने कहा कि (महाराष्ट्र विधानसभा) चुनाव राज्य से प्यार करने वालों और उससे नफरत करने वालों के बीच की लड़ाई है। शिवसेना (यूबीटी) अध्यक्ष ने अपने भाषण की शुरुआत ‘जामलेय माझ्या तमाम महाराष्ट्र प्रेमी बांधवणु, मतनु आणि बाघिनिनो’ (मेरे महाराष्ट्र से प्रेम करने वाले भाइयों, माताओं और बहनों) वाक्य से की, और चुनावी लड़ाई को “राज्य से प्रेम करने वालों और उसके खिलाफ काम करने वालों” के बीच लड़ाई के रूप में पेश करने की कोशिश की।
कहा, मैं अपने लिए नहीं, बल्कि आपके और महाराष्ट्र के लिए लड़ रहा हूं
बागी शिवसेना विधायकों को अयोग्य ठहराने की मांग को लेकर उनकी पार्टी द्वारा उच्चतम न्यायालय में दायर याचिकाओं का जिक्र करते हुए ठाकरे ने इस बात पर जोर दिया कि उन्हें अब भी शीर्ष न्यायपालिका से न्याय नहीं मिला है और इसलिए वह न्याय के लिए जनता की अदालत में आए हैं। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं अपने लिए नहीं, बल्कि आपके और महाराष्ट्र के लिए लड़ रहा हूं। उन्होंने भाजपा पर सत्ता के लिए लोगों को धर्म और जाति के आधार पर बांटने की कोशिश करने का आरोप लगाया। राज्य की एकनाथ शिंदे नीत सरकार पर हमला करते हुए ठाकरे ने आरोप लगाया कि सरकार कमीशन पर काम करती है। शिंदे ने ठाकरे नीत एमवीए सरकार के पतन के बाद सत्ता संभाली थी। गरीब महिलाओं के लिए महायुति सरकार की प्रमुख योजना, ‘मुख्यमंत्री माझी लाडकी बहिन योजना’ के बारे में बात करते हुए ठाकरे ने कहा कि पुलिस उस लड़की की मां की शिकायत दर्ज करने के लिए भी तैयार नहीं है, जिसका अगस्त में ठाणे जिले के बदलापुर के एक स्कूल में कथित तौर पर यौन उत्पीड़न किया गया था।
एमवीए सत्ता में आई तो के हर जिले में छत्रपति शिवाजी का मंदिर होगा
उन्होंने कहा कि सरकार लाडकी बहिन योजना लागू कर रही है, जिसके तहत वंचित महिलाओं को 1,500 रुपये मासिक भत्ता दिया जा रहा है, लेकिन महंगाई बढ़ती जा रही है, जिससे आम नागरिकों के लिए आवश्यक वस्तुएं महंगी हो रही हैं। उद्धव ने वादा किया कि अगर एमवीए सत्ता में आती है तो महाराष्ट्र के हर जिले में छत्रपति शिवाजी महाराज का मंदिर होगा। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि संभव हुआ तो वह वर्तमान गुजरात के सूरत में 17वीं शताब्दी के मराठा योद्धा राजा को समर्पित एक मंदिर भी बनवाएंगे। सूरत शहर शिवाजी महाराज के सैन्य अभियान से जुड़ा हुआ है। उन्होंने आश्वासन दिया कि एमवीए के सत्ता में आने के बाद चावल, दालें, तेल और चीनी जैसी आवश्यक खाद्य वस्तुओं की दरें स्थिर कर दी जाएंगी। उद्धव ठाकरे ने कहा कि वर्तमान में राज्य में छात्राओं के लिए शिक्षा निःशुल्क है, लेकिन एमवीए सरकार यह लाभ छात्रों को भी प्रदान करेगी। महाराष्ट्र विधानसभा की 288 सीट के लिये चुनाव 20 नवंबर को होंगे और मतों की गिनती 23 नवंबर को होगी। (भाषा)



